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बुधवार, 28 दिसंबर 2016

31 मार्च के बाद 10 से ज्यादा पुराने नोट रखने पर मिलेगी सजा, कैबिनेट ने पास किया अध्यादेश

दिल्‍ली : मोदी सरकार ने पुराने नोटों को रखने को लेकर अध्‍यादेश को जारी कर दिया है. मोदी कैबिनेट ने बुधवार को नोटबंदी पर अध्‍यादेश को मंजूरी दे दी है. 31 मार्च 2017 के बाद पुराने नोटों को रखने पर जुर्माना लगाया जाएगा. सरकार ने 30 दिसंबर की सीमा समाप्त होने के बाद किसी के पास पुराने 500 और 1,000 का नोट पाए जाने पर जुर्माना लगाने का प्रावधान किया है.
जानकारी के अनुसार, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने आज पुराने 500, 1000 रुपये के नोट रखने वालों को दंडित करने के प्रावधान वाले अध्यादेश को मंजूरी दे दी. इस अध्‍यादेश का नाम ‘द स्‍पेसिफाइड बैंक नोट्स सीजेशन ऑफ लायबिलिटीज ऑर्ड‍िनेंस’ है. इसके तहत बैंकों में पुराने नोट जमा कराने की समयसीमा समाप्त होने के बाद किसी के पास ये नोट पाए जाने पर अब उन पर जुर्माना लगाया जाएगा.
पुराने नोट जमा करने के लिए अंतिम तारीख पर अध्‍यादेश को मंजूरी दे दी गई है. इसके तहत दस हजार से अधिक के पुराने नोट रखने पर जुर्माना लगाया जाएगा. रद्द नोटों पर सरकार और आरबीआई की कोई देनदारी नहीं होगी. तय सीमा से अधिक पुराने नोटों को रखने पर पकड़े जाने के बाद चार साल की जेल की सजा का भी प्रावधान किया गया है.
नए नियम के तहत तीस दिसंबर के बाद कोई व्‍यक्ति पांच सौ या हजार रुपये के पुराने वाले नोटों के दस हजार मूल्‍य से ज्यादा नोट नहीं रख पाएंगे. अध्यादेश के जरिये सरकार और रिजर्व बैंक की इन नोटों के धारकों को उनके नोट का मूल्य देने का वादा करने वाली देनदारी को भी समाप्त कर दिया है.
बता दें कि 1978 में मोरारजी देसाई की जनता पार्टी सरकार ने 1,000, 5000 और 10,000 का नोट बंद करने के बाद सरकार की देनदारी को समाप्त के लिए इसी तरह का अध्यादेश लाया गया था.
इस अध्‍यादेश में रिजर्व बैंक के सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्‍टर्स की सिफारिशें भी शामिल होंगी. 30 दिसंबर के बाद प्रतिबंधित नोट सिर्फ रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया में ही जमा कराए जा सकेंगे.

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