खास खबर : वाह डॉक्टर, बेटी होने पर डिलीवरी फीस नहीं लगती

कन्या भ्रूण हत्या को रोकने के लिए पुणे के डॉक्टर ने एक सराहनीय कदम उठाया है। ये डॉक्टर हैं गणेश राख | यह नाम उस डॉक्टर का है जो कन्या के जन्म लेने पर उसकी मां या उसके परिवार से डिलीवरी फीस नहीं लेता। किसी भी मां के कोख से अगर कन्या जन्म लेती है तो उसका खर्चा और डॉक्टर की फीस अस्पताल देता है। यही नहीं कन्या के जन्म लेने के बाद
अस्पताल में मिठाइयां भी बांटी जाती है।
पुणे के मेडीकेयर मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल में यह सिलसिला इसीलिए शुरु हुआ क्योंकि डॉक्टर गणेश राख किसी कन्या के जन्म लेने पर उसके परिवार के मायूस हो जाने से दुखी थे। डॉक्टर के मुताबिक किसी परिवार को यह कहना कि उनके यहां लड़की हुई है किसी की मौत की खबर देने जितना ही कठिन था। यही कारण है कि डॉक्टर ने यह कदम उठाया ताकि परिवार वाले घर में कन्या के आगमन पर खुश हों। डॉक्टर का मानना है कि यह कन्या भ्रूण हत्या को रोकने के लिए उठाया गया एक छोटा सा कदम है।