बाद भी असफल रही रेल पुलिस के पाँव अब भी भारी के भारी ही हैं और हाथ खाली के खाली। अंततः थकी और हारी रेल पुलिस के आलाधिकारी ने अब जनता से सहयोग माँगा है। इसके लिए मंगलवार को चापर गाँव के प्रमुख ग्रामीणों को एक बैठक में शामिल भी किया गया। जिसमें प्रीतम की ह्त्या का सुराग खोजने की अपील की गयी।जानकारी के अनुसार बिहार रेल के एडीजी पीएन राय ३० जुलाई सोमवार की रात भी नवगछिया पहुँच कर मामले की तहकीकात की थी। जो पुनः ३१ जुलाई मंगलवार को नवगछिया पहुंचे। जहां से रंगरा थाना जा कर प्रमुख ग्रामीणों की एक बैठक की। जिसमें भागलपुर प्रक्षेत्र के डीआईजी अमित कुमार जैन, एसपी नवगछिया आनंद कुमार सिंह, एसपी कटिहार किम, एसपी रेल कटिहार डा० सुकन पासवान, डीएसपी रेल कटिहार कर्म लाल, डीएसपी रेल बरौनी आलोक कुमार, एसडीपीओ रामाशंकर राय, नवगछिया रेल थानाध्यक्ष हरि राम और रंगरा ओपी प्रभारी केपी सिंह की मौजूदगी बतायी गयी।
इस महत्वपूर्ण बैठक में ग्रामीणों से पुलिस को सहयोग करने अपील की गयी। मौके पर यह भी कहा गया कि ग्रामीणों के सहयोग से ही निर्दोष व्यक्ति को बचाया जा सकता है और दोषी व्यक्ति को दण्डित कराया जा सकता है। इस दौरान यह भी कहा गया कि इस मामले से सम्बंधित जो भी व्यक्ति सूचना दाता होंगे उनका नाम गुप्त रखा जाएगा।
मौके पर ही इस हत्याकांड के उद्भेदन में लगाए गए पुलिस कर्मियों को भी कई प्रकार के महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। जिनमें आम जनता के साथ मिल कर सभी तरह की सूचना को एकत्र करना , गुप्त सूचना का पता लगाना तथा लगातार छापेमारी करना इत्यादि शामिल है।