राहुल गांधी की जोरदार अपील के बाद पेट्रोलियम मंत्री एम वीरप्पा मोइली ने शुक्रवार को कहा कि सब्सिडी वाले सस्ते रसोई गैस सिलेंडरों का कोटा 12 किया जाएगा.
दिल्ली में शुक्रवार को ही अखिल भारतीय कांग्रेस समिति (एआईसीसी) के अधिवेशन में कांग्रेस उपाध्यक्ष गांधी ने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से सस्ते एलपीजी सिलेंडरों का कोटा बढ़ाकर 12 करने की पुरजोर अपील की. गांधी की इस मांग के तुरंत बाद मोइली का यह बयान आया है.
हालांकि, पिछले सप्ताह तक मोइली लगातार कहते रहे थे कि सब्सिडी वाले एलपीजी सिलेंडरों की संख्या बढ़ाने का कोई प्रस्ताव नहीं है. मोइली ने कहा कि मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद सब्सिडी वाले सिलेंडरों का कोटा बढ़ाने की घोषणा की जाएगी. उन्होंने कहा, ‘‘मंत्रिमंडल इस पर जल्द विचार करेगा.’’
पेट्रोलियम मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि मोइली का निर्देश आने के बाद इस बारे में प्रस्ताव मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति (सीसीईए) या राजनीतिक मामलों पर मंत्रिमंडल की समिति (सीसीपीए) के पास भेजा जाएगा.
गांधी ने एआईसीसी के सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि परिवारों के लिए सालाना 9 सस्ते सिलेंडरों का कोटा पर्याप्त नहीं है. इसे बढ़ाकर 12 किया जाना चाहिए.
मोइली ने इससे पहले इसी सप्ताह कहा था कि 89.2 प्रतिशत एलपीजी ग्राहक साल के दौरान 9 सिलेंडरों का ही उपयोग करते हैं. सिर्फ 10 प्रतिशत को अपनी अतिरिक्त जरूरत के लिए बाजार मूल्य पर रसोई गैस सिलेंडर लेना पड़ता है.
हालांकि, पिछले सप्ताह तक मोइली लगातार कहते रहे थे कि सब्सिडी वाले एलपीजी सिलेंडरों की संख्या बढ़ाने का कोई प्रस्ताव नहीं है. मोइली ने कहा कि मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद सब्सिडी वाले सिलेंडरों का कोटा बढ़ाने की घोषणा की जाएगी. उन्होंने कहा, ‘‘मंत्रिमंडल इस पर जल्द विचार करेगा.’’
पेट्रोलियम मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि मोइली का निर्देश आने के बाद इस बारे में प्रस्ताव मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति (सीसीईए) या राजनीतिक मामलों पर मंत्रिमंडल की समिति (सीसीपीए) के पास भेजा जाएगा.
गांधी ने एआईसीसी के सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि परिवारों के लिए सालाना 9 सस्ते सिलेंडरों का कोटा पर्याप्त नहीं है. इसे बढ़ाकर 12 किया जाना चाहिए.
मोइली ने इससे पहले इसी सप्ताह कहा था कि 89.2 प्रतिशत एलपीजी ग्राहक साल के दौरान 9 सिलेंडरों का ही उपयोग करते हैं. सिर्फ 10 प्रतिशत को अपनी अतिरिक्त जरूरत के लिए बाजार मूल्य पर रसोई गैस सिलेंडर लेना पड़ता है.
उन्होंने कहा था कि यदि सस्ते सिलेंडर का कोटा बढ़ाकर 12 किया जाता है, तो 97 फीसद परिवार इसके दायरे में आ जाएंगे. यानी सिर्फ 3 प्रतिशत को अपनी अतिरिक्त जरूरत के लिए बाजार मूल्य पर सिलेंडर लेना होगा.
अधिकारियों ने बताया कि सब्सिडी वाले सिलेंडरों का कोटा बढ़ाने से ईंधन सब्सिडी का बोझ 3,300 से 5,800 करोड़ रुपये तक बढ़ेगा.
सब्सिडी बिल में कमी लाने के लिए सरकार ने सितंबर, 2012 में सब्सिडी वाले सिलेंडरों की सालाना सीमा 6 तय की थी. जनवरी, 2013 में सब्सिडी वाले सिलेंडरों का कोटा बढ़ाकर 9 किया गया.
अपने कोटा वाले सिलेंडरों का इस्तेमाल कर चुके ग्राहकों को बाजार मूल्य पर यानी 1,258 रुपये में सिलेंडर लेना होता है. दिल्ली में 14.2 किलोग्राम के सब्सिडी वाले सिलेंडर का दाम 414 रुपये है.
अधिकारियों ने बताया कि सब्सिडी वाले सिलेंडरों का कोटा बढ़ाने से ईंधन सब्सिडी का बोझ 3,300 से 5,800 करोड़ रुपये तक बढ़ेगा.
सब्सिडी बिल में कमी लाने के लिए सरकार ने सितंबर, 2012 में सब्सिडी वाले सिलेंडरों की सालाना सीमा 6 तय की थी. जनवरी, 2013 में सब्सिडी वाले सिलेंडरों का कोटा बढ़ाकर 9 किया गया.
अपने कोटा वाले सिलेंडरों का इस्तेमाल कर चुके ग्राहकों को बाजार मूल्य पर यानी 1,258 रुपये में सिलेंडर लेना होता है. दिल्ली में 14.2 किलोग्राम के सब्सिडी वाले सिलेंडर का दाम 414 रुपये है.
