इलाहाबाद हाई कोर्ट ने मदरसों में भी राष्ट्रीय ध्वज फहराना अनिवार्य बनाने के लिए दिशा निर्देश जारी करने का सरकार को निर्देश दिया है.
अदालत का यह आदेश अलीगढ़ के सामाजिक कार्यकर्ता अजीत गौड़ की जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद आया है.
अजीत गौड़ ने याचिका में कहा था कि संविधान के अनुच्छेद 51 ए के मुताबिक सभी देशवासियों को राष्ट्रीय ध्वज और राष्ट्रीय गान का सम्मान करना राष्ट्रीय कर्तव्य है.
बावजूद इसके सरकारी अनुदान से चलने वाले मदरसों में न तो राष्ट्रीय गान गाया जाता है और न ही राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाता है।
मुख्य न्यायाधीश डा.डी.वाई.चन्द्रचूड और न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा की खण्डपीठ ने कहा है कि ध्वजारोहण का सम्मान हर विद्यालय में होना चाहिए चाहे वह मदरसे हो या अन्य कोई अंग्रेजी स्कूल.
अदालत ने इस याचिका पर प्रदेश सरकार से जवाब भी मांगा है.
अब इस मामले की अगली सुनवाई 22 सितम्बर को होगी.