जब तक भागलपुर जिला प्रशासन की ओर से स्काई फिशर एयरवेज लिमिटेड
को एनओसी नहीं मिलता है, तब तक भागलपुर से उड़ान भरना संभव नहीं है. एनओसी
की आस में भागलपुर से हवाई सेवा का मामला लटक गया है.
भागलपुर
से हवाई सेवा शुरू करने के लिए स्काई फिशर एयरवेज लिमिटेड तैयार है. इनका
न्यू ब्रांड का सेसन कारवां जहाज जून के प्रथम सप्ताह में अमेरिका से आ
जायेगा. जहाज की डिलेवरी के लिए कंपनी के उपाध्यक्ष की टीम
अमेरिका गयी हुई है.जब तक जिला प्रशासन की ओर से स्काई फिशर एयरवेज लिमिटेड
को एनओसी नहीं मिलता है, तब तक भागलपुर से उड.ान भरना संभव नहीं है. एनओसी
की आस में भागलपुर से हवाई सेवा का मामला लटक गया है. भागलपुर
से हवाई सेवा शुरू करने की दिशा में जिला प्रशासन की ओर से पहल की गति
धीमी है. इससे स्काई फिशर एयरवेज लिमिटेड का हवाई सेवा देने की समय सीमा
फेल हो जायेगी. भवन
निर्माण विभाग के इंजीनियरों ने बताया कि चहारदीवारी की मरम्मत को लेकर
भेजे गये प्रस्ताव को अबतक मंजूरी नहीं मिली है. डीएम छुट्टी पर हैं. बताया
जाता है कि प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद टेंडर निकाला जायेगा, इसके
बाद मरम्मत संभव है. उम्मीद है कि इसमें करीब एक माह का वक्त लगेगा. छेद
बंद करने व क्षतिग्रस्त चहारदीवारी को दुरुस्त करने पर भवन निर्माण विभाग
करीब पांच लाख छह हजार तीन सौ रुपये खर्च करेगा. डीएम ने नागरिक उड्डयन
विभाग को प्रपोजल पहले भेजा है. इधर हवाई अड्डा के रनवे का कालीकरण का काम
चहारदीवारी के मरम्मत के कारण रुका है. बताया जाता है कि बिना चहारदीवारी
मरम्मत के कालीकरण का काम पूरा नहीं हो सकेगा. हवाई
जहाज को आग से बचाने को लेकर भेजा गया फोम टेंडर (दस्ता समेत) वाहन की
मांग को हेड क्वार्टर से मंजूरी नहीं मिली है. अग्निशमन विभाग के प्रभारी
सिपाही ने बताया कि रिमाइडंर भेजा जायेगा. अग्निशमन विभाग ने मुख्यालय को
फैक्स भेज कर एक फोम टेंडर मांगी है. फोम टेंडर की प्रतिनियुक्ति ( एक उड़ान पर ) कम से कम 15 हजार 931 रुपये का खर्च आयेगा.अग्नि शमन के पास एक
फोम टेंडर वाहन है. इसे हवाई सेवा में लगाना नामुमकिन है.
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