सुप्रीम कोर्ट के आदेश बाद उच्च शिक्षा में मचे उथलपुथल से तिलकामांझी
विश्वविद्यालय फिलहाल अछूता है। प्रो.अंजनी कुमार सिन्हा अभी विश्वविद्यालय
के कुलपति बने रहेंगे, लेकिन कुलसचिव विजय कुमार को जाना पड़ा उनके स्थान
पर ताहिर हुसैन वारसी को कुलसचिव बनाया गया है।
डीएसडब्लू डॉ. ज्योतिंद्र चौधरी, भुस्टा के महासचिव डॉ. शंभु प्रसाद सिंह ने बताया कि कुलपति पर सुप्रीम कोर्ट का निर्णय अभी लागू नहीं हो रहा। खुद कुलपति प्रो. सिन्हा ने भी कहा, वे अपने पद पर हैं। इधर, सुप्रीम कोर्ट के आदेश बाद भागलपुर में सीनियर डीन कौन है उस पर मंथन होता रहा। मंगलवार को होने वाली वित्त कमेटी और बुधवार को होने वाली सिंडिकेट की बैठक के भविष्य पर भी सवाल उठा। कुलपति ने बताया, दोनों बैठकें तय समय पर होंगी। कर्मचारी व विश्वविद्यालय हित में बजट पास कराना पहली प्राथमिकता है, परीक्षाफल मसले पर काम शुरू हो चुका है। जब तक हूं भागलपुर विश्वविद्यालय को पटरी पर लाने की उनकी कोशिशें जारी रहेंगी।
डीएसडब्लू डॉ. ज्योतिंद्र चौधरी, भुस्टा के महासचिव डॉ. शंभु प्रसाद सिंह ने बताया कि कुलपति पर सुप्रीम कोर्ट का निर्णय अभी लागू नहीं हो रहा। खुद कुलपति प्रो. सिन्हा ने भी कहा, वे अपने पद पर हैं। इधर, सुप्रीम कोर्ट के आदेश बाद भागलपुर में सीनियर डीन कौन है उस पर मंथन होता रहा। मंगलवार को होने वाली वित्त कमेटी और बुधवार को होने वाली सिंडिकेट की बैठक के भविष्य पर भी सवाल उठा। कुलपति ने बताया, दोनों बैठकें तय समय पर होंगी। कर्मचारी व विश्वविद्यालय हित में बजट पास कराना पहली प्राथमिकता है, परीक्षाफल मसले पर काम शुरू हो चुका है। जब तक हूं भागलपुर विश्वविद्यालय को पटरी पर लाने की उनकी कोशिशें जारी रहेंगी।