नवगछिया पुलिस जिला के आदर्श थाना
नवगछिया की हाजत से आठ और नौ सितम्बर की मध्य रात्री को फरार चंदन अब नवगछिया पुलिस के लिये सरदर्द बन गया है। जो इसी पुलिस जिला अन्तर्गत गोपालपुर थाना क्षेत्र के कालूचक गांव का रहने वाला है। जिसे यूपी नोयडा की पुलिस ने पिछले दिनों एक स्वर्ण व्यवसायी पुत्र बबलू के अपहरण मामले में गांव से गिरफ्तार कर अपने थाना दादरी ले गयी थी। पुनः उसे बबलू के मुख्य अपहरण कर्ता जितेन्द्र एवं बबलू की तलाश हेतु लेकर वापस नवगछिया आयी थी।
चंदन के फरार होने के चार दिनों के बाद भी नवगछिया पुलिस जिला की पुलिस उसे अब तक नहीं खोज पायी है। अलबत्ता चंदन के हाजत से फरार होने पर पुलिसिया कार्यवाई भी काफी समय बाद हुई। जिसमें एक सिपाही को निलंबित किया गया। एक चौकीदार को निलंबित करने की अनुशंसा की गयी तथा एक दारोगा से स्पष्टीकरण पूछा गया।
यह अलग बात है कि चंदन के फरार होते ही नवगछिया की पुलिस सक्रिय हो गयी थी। उसके सभी संभावित ठिकानों पर खोज की गयी। चंदन के घर से लाये गये उसके पिता, भाई और पत्नी से भी सघन पूछताछ की गयी। इसके बावजूद भी कोई सुराग नहीं मिल पाया।
जानकारी के अनुसार पुलिसिया कहर के डर से अब चंदन के सभी घर वाले घर छोड कर फरार हो गये हैं। जहां पुलिस द्वारा चंदन के घर की कुर्की जब्ती की तैयारी की जा रही है। वहीं चंदन के नेपाल भाग जाने का अनुमान भी लगाया जा रहा है।
बहरहाल नवगछिया और यूपी पुलिस के लिये चंदन सरदर्द बन गया है। जिसके सहारे अपहृ्त बबलू और अपहर्ता जितेन्द्र की खोज अधर में लटक गयी है। जबकि चंदन ने अपनी गिरफ्तारी के दौरान अपहृ्त बबलू की हत्या की बात कबूली थी। जिसका कोई सत्यापन नहीं किया जा सका था। उसी सत्यापन के लिये चंदन को यूपी पुलिस नवगछिया लेकर आयी थी। जिसके सहयोग से दुसरे दिन कई संभावित जगहों पर छापामारी होनी थी। वैसे आदर्श थाना हाजत से चंदन के फरार होने की घटना को नवगछिया पुलिस एक बडी घटना जरुर मान रही है। जो नवगछिया पुलिस के लिये एक बडी चुनौती भी है।