भागलपुर व बांका जिले के तीन पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों से रंगदारी
मांगकर सनसनी फैलाने वाले छात्र रामप्रवेश साह को पुलिस ने मंगलवार को दबोच
लिया। वह परबत्ती स्थित
देवो लॉज में रहता था और टीएनबी कॉलेज का छात्र है। पार्ट वन की परीक्षा भी
दे चुका है। उसने नक्सली संगठन के नाम पर गांव से रंगदारी मांगी थी। उसकी
गिरफ्तारी से
कई और मामलों से पर्दा उठेगा।
वह छात्र नक्सली संगठन के नाम पर भागलपुर की सिटी डीएसपी वीणा कुमारी समेत बांका जिले के बाराहाट व बेलहर प्रखंड के बीडीओ से 10 से 20 लाख रुपये तक की रंगदारी मांग रहा था। रंगदारी मोबाइल से मांगी गई थी। रामप्रवेश भागलपुर के सन्हौला थाना क्षेत्र के बैजाचक गांव का निवासी है। टीएनबी कॉलेज, भागलपुर मेंअंग्रेजी ऑनर्स का छात्र है। गिरफ्तारी बाद सिटी डीएसपी ने सबौर थाने में उससे लंबी पूछताछ की।
पूछताछ में अपना जुर्म स्वीकार करते हुए छात्र ने कहा, वह रंगदारी मांगना सीख रहा था। उसे लगा, नक्सलियों के नाम पर पैसे मिल जाएंगे। शनिवार शाम उसने बाराहाट बीडीओ गुरुदेव प्रसाद गुप्ता को फोनकर दस लाख रुपये की रंगदारी मांगी। नहीं देने पर गोली मारने की धमकी भी दी। इसके बाद उसी मोबाइल नंबर से बेलहर बीडीओ से भी इसी अंदाज में रंगदारी मांगी। मोबाइल पर उसने कहा, वह कजरा से बोल रहा है। नक्सली संगठन में पैसे की कमी है। इसलिए फौरन 10 लाख रुपये चाहिए। सबसे पहले उसने सिटी डीएसपी से ही 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी।
टावर लोकेशन से पकड़ में आया
बीडीओ की शिकायत पर बाराहाट व सन्हौला पुलिस हरकत में आई। छानबीन में उसके मोबाइल का टॉवर लोकेशन सन्हौला का आया। इसी आधार पर सोमवार रात पुलिस ने जाल बिछाया और उसे मोबाइल सहित सिम के साथ गिरफ्तार कर लिया। रामप्रवेश का पिता सुरेश साह बहुचर्चित आंखफोड़वा कांड का शिकार हो चुका है। जबकि उसका भाई अपहरण कांड का अभियुक्त है। छापेमारी अभियान में सन्हौला थानाध्यक्ष के अलावा बाराहाट थानाध्यक्ष विनोद कुमार समेत कई पुलिस जवान शामिल थे।
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कोट :-
'' गिरफ्तार युवक ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। वह परबत्ती स्थित देवो लॉज में रहता था और टीएनबी कॉलेज का छात्र है। पार्ट वन की परीक्षा भी दे चुका है। उसने नक्सली संगठन के नाम पर गांव से रंगदारी मांगी थी। उसकी गिरफ्तारी से कई और मामलों से पर्दा उठेगा।
वीणा कुमारी, सिटी डीएसपी
कई और मामलों से पर्दा उठेगा।
वह छात्र नक्सली संगठन के नाम पर भागलपुर की सिटी डीएसपी वीणा कुमारी समेत बांका जिले के बाराहाट व बेलहर प्रखंड के बीडीओ से 10 से 20 लाख रुपये तक की रंगदारी मांग रहा था। रंगदारी मोबाइल से मांगी गई थी। रामप्रवेश भागलपुर के सन्हौला थाना क्षेत्र के बैजाचक गांव का निवासी है। टीएनबी कॉलेज, भागलपुर मेंअंग्रेजी ऑनर्स का छात्र है। गिरफ्तारी बाद सिटी डीएसपी ने सबौर थाने में उससे लंबी पूछताछ की।
पूछताछ में अपना जुर्म स्वीकार करते हुए छात्र ने कहा, वह रंगदारी मांगना सीख रहा था। उसे लगा, नक्सलियों के नाम पर पैसे मिल जाएंगे। शनिवार शाम उसने बाराहाट बीडीओ गुरुदेव प्रसाद गुप्ता को फोनकर दस लाख रुपये की रंगदारी मांगी। नहीं देने पर गोली मारने की धमकी भी दी। इसके बाद उसी मोबाइल नंबर से बेलहर बीडीओ से भी इसी अंदाज में रंगदारी मांगी। मोबाइल पर उसने कहा, वह कजरा से बोल रहा है। नक्सली संगठन में पैसे की कमी है। इसलिए फौरन 10 लाख रुपये चाहिए। सबसे पहले उसने सिटी डीएसपी से ही 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी।
टावर लोकेशन से पकड़ में आया
बीडीओ की शिकायत पर बाराहाट व सन्हौला पुलिस हरकत में आई। छानबीन में उसके मोबाइल का टॉवर लोकेशन सन्हौला का आया। इसी आधार पर सोमवार रात पुलिस ने जाल बिछाया और उसे मोबाइल सहित सिम के साथ गिरफ्तार कर लिया। रामप्रवेश का पिता सुरेश साह बहुचर्चित आंखफोड़वा कांड का शिकार हो चुका है। जबकि उसका भाई अपहरण कांड का अभियुक्त है। छापेमारी अभियान में सन्हौला थानाध्यक्ष के अलावा बाराहाट थानाध्यक्ष विनोद कुमार समेत कई पुलिस जवान शामिल थे।
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कोट :-
'' गिरफ्तार युवक ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। वह परबत्ती स्थित देवो लॉज में रहता था और टीएनबी कॉलेज का छात्र है। पार्ट वन की परीक्षा भी दे चुका है। उसने नक्सली संगठन के नाम पर गांव से रंगदारी मांगी थी। उसकी गिरफ्तारी से कई और मामलों से पर्दा उठेगा।
वीणा कुमारी, सिटी डीएसपी