आखिरकार महाराष्ट्र की राजनीति में चल रहा संशय खत्म हो गया। पृथ्वीराज चव्हाण के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार से राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के नेता अजित पवार का उप मुख्यमंत्री पद से दिया गया इस्तीफा मंजूर कर लिया गया। उन्होंने सिंचाई विभाग में घोटाले में संलिप्तता के आरोपों के बाद अपने पद से इस्तीफा दिया था। पार्टी ने अजित के इस्तीफे को स्वीकार कर लिया। इसकी औपचारिक घोषणा अजित के चाचा और केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार ने की।
ठीक इसी समय पवार ने घोषणा की कि पार्टी के 19 मंत्रियोंं द्वारा सौंपे गए इस्तीफे मंजूर नहीं किए जाएंगे। उन्होंने घोषणा की कि राज्य में कांग्रेस-राकांपा सरकार सामान्य तरीके से काम करती रहेगी। मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण को औपचारिक रूप से सूचित कर दिया गया है कि वे अजित के इस्तीफे को राज्य के राज्यपाल के शंकरनारायण को भेज दें। राकांपा ने कहा है कि उपमुख्यमंत्री का पद खाली रखा जाएगा।
ठीक इसी समय पवार ने घोषणा की कि पार्टी के 19 मंत्रियोंं द्वारा सौंपे गए इस्तीफे मंजूर नहीं किए जाएंगे। उन्होंने घोषणा की कि राज्य में कांग्रेस-राकांपा सरकार सामान्य तरीके से काम करती रहेगी। मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण को औपचारिक रूप से सूचित कर दिया गया है कि वे अजित के इस्तीफे को राज्य के राज्यपाल के शंकरनारायण को भेज दें। राकांपा ने कहा है कि उपमुख्यमंत्री का पद खाली रखा जाएगा।