लॉकडाउन 2 के शुरू होते ही बिहार के पुलिस जिला नवगछिया अंतर्गत नवगछिया नगर में तैनात पुलिसकर्मियों के तेवर सातवें आसमान पर आने लगे हैं। राह चलते जरूरतमंद लोगों पर अकारण ही डंडे बरसाना, अपने घर के दरवाजे पर बैठे व्यक्ति की पिटाई करना, अनुमंडल प्रशासन द्वारा अनुमति प्राप्त पास लेकर आलू प्याज विक्रेता की अकारण पिटाई करना, दवा दुकानदार को खदेड़ कर पीटना आम बात प्रतीत हुई। जिसकी लगातार जानकारी स्थानीय थानाध्यक्ष को दिये जाने के बावजूद पुलिस के रवैये में कोई बदलाव नजर नहीं आया। जिसकी वजह से स्थानीय लोगों में पुलिस के प्रति भारी क्षोभ और अफसोस पैदा हो रहा है। जबकि स्थानीय लोग इन पुलिस कर्मियों को मानवीय दृष्टिकोण के तहत दिनभर रहने के दौरान इन्हें पानी की सुविधा देते हैं, कुर्सी उपलब्ध कराते हैं, कभी चाय पिलाते हैं, तो कभी सत्तू और दूध भी पिलाते हैं। बावजूद इसके इनका ऐसा रवैया देख स्थानीय लोग हैरत में हैं।
जानकारी के अनुसार बुधवार को स्टेशन रोड में सादे लिबासधारी एक पुलिस कर्मी ने एक दवा दुकानदार को खदेड़ कर पिटाई कर दी। वहीं स्टेशन रोड के ही उस एक आलू प्याज विक्रेता की भी पुलिस कर्मी ने बेवजह पिटाई कर दी जिसे अनुमंडल प्रशासन ने आलू प्याज की होम डिलीवरी करने के लिए प्राधिकृत किया है। उसके द्वारा पास दिखाए जाने के बाद भी उसकी पिटाई कर दी गई। इसके अलावा महाराज जी चौक पर कई लोगों को बिना वजह पुलिस के डंडे खाने पड़े। जबकि धर्मशाला रोड में अपने घर के दरवाजे पर शाम के समय बैठे युवक पर भी नवगछिया पुलिस ने डंडा चला दिया। उधर गौशाला के पास बैठे पुलिस कर्मियों ने एक प्रसव पीड़िता को अनुमंडलीय अस्पताल जाने से रोक दिया और वापस कर दिया।