एक बार फिर से भारत कबड्डी का विश्व चैंपियन बना और विश्वकप पटल पर तिंरगा
लहराया। कबड्डी के मैदान में शनिवार को पहले फाइनल मैच में जहां भारतीय
महिला टीम ने मलेशिया को हराकर लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम किया, वहीं
पुरूष वर्ग में भारत ने पाकिस्तान को 59-22 से करारी शिकस्त देकर कबड्डी
विश्वकप को अपने नाम करते हुए हैट्रिक बनाई और दो करोड़ की इनामी राशि भी
जीती।
गुरु नानक स्टेडियम लुधियाना में खेले गए तीसरे कबड्डी विश्व कप के फाइनल की शुरुआत शनिवार रात 9.22 बजे हुई। भारतीय कैप्टन सुखबीर सिंह सरावा ने पहले अंक के साथ विजयी अभियान की शुरूआत की। इसके बाद से तो मानो भारत की ओर से अंकों की झड़ी लग गई और भारत ने एक के बाद एक लगातार 12 अंक हासिल करके पाकिस्तान को अपना खाता खोलने के लिए तरसा दिया। पहले हॉफ टाइम तक भारत ने पाकिस्तानियों को धूल चटाते हुए 33-9 बढ़त हासिल की। इसके बाद सेकेंड हाफ टाइम ब्रेक के बाद मैच फिर से 10.3 पर शुरू हुआ और भारत ने दूसरे शार्ट ब्रेक से पहले 47-15 की बढ़त बना ली। भारतीय टीम ने मैच की समाप्ति तक जहां 12 अंक बटोरे गए, वहीं पाकिस्तान की टीम सिर्फ 7 अंक ही अपने खोते में जोड़ सकी। भारतीय टीम ने पाकिस्तान को 59-22 के बड़े अंतर से हराते हुए विश्व कबड्डी कप के खिताब को अपने नाम कर लिया। फाइनल मैच के बाद विश्व विजेता भारत ने दो करोड़, दूसरे स्थान पर आई पाकिस्तान ने एक करोड़ व तीसरे स्थान पर कनाडा की टीम ने 51 लाख रुपए की इनामी राशि जीती।
भारत की महिला कबड्डी टीम ने एकतरफा फाइनल में मलेशिया को हराकर विश्व कप कबड्डी का खिताब जीत लिया। भारत की महिला टीम ने खिताबी मुकाबले में मलेशिया को 72-12 से रौंदा। मध्यांतर के समय भारतीय टीम 42 . 6 से आगे चल रही थी। भारतीय टीम की राइडर प्रियंका देवी, प्रियंका पिलानिया और सुखविंदर कौर ने क्रमश: 13, 8 और 8 अंक जुटाए। स्टापर जतिंदर कौर और अनु रानी ने क्रमश: 10 और 11 अंक हासिल किए। मलेशिया की ओर से मनप्रीत कौर ने चार जबकि रेखा ने दो अंक बनाए। पंजाब के मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने विजेता टीम को 51 लाख जबकि उपविजेता टीम को 31 लाख रुपए का चैक सौंपा। तीसरे स्थान पर रही डेनमार्क की महिला टीम को 21 लाख रुपए मिले।
गुरु नानक स्टेडियम लुधियाना में खेले गए तीसरे कबड्डी विश्व कप के फाइनल की शुरुआत शनिवार रात 9.22 बजे हुई। भारतीय कैप्टन सुखबीर सिंह सरावा ने पहले अंक के साथ विजयी अभियान की शुरूआत की। इसके बाद से तो मानो भारत की ओर से अंकों की झड़ी लग गई और भारत ने एक के बाद एक लगातार 12 अंक हासिल करके पाकिस्तान को अपना खाता खोलने के लिए तरसा दिया। पहले हॉफ टाइम तक भारत ने पाकिस्तानियों को धूल चटाते हुए 33-9 बढ़त हासिल की। इसके बाद सेकेंड हाफ टाइम ब्रेक के बाद मैच फिर से 10.3 पर शुरू हुआ और भारत ने दूसरे शार्ट ब्रेक से पहले 47-15 की बढ़त बना ली। भारतीय टीम ने मैच की समाप्ति तक जहां 12 अंक बटोरे गए, वहीं पाकिस्तान की टीम सिर्फ 7 अंक ही अपने खोते में जोड़ सकी। भारतीय टीम ने पाकिस्तान को 59-22 के बड़े अंतर से हराते हुए विश्व कबड्डी कप के खिताब को अपने नाम कर लिया। फाइनल मैच के बाद विश्व विजेता भारत ने दो करोड़, दूसरे स्थान पर आई पाकिस्तान ने एक करोड़ व तीसरे स्थान पर कनाडा की टीम ने 51 लाख रुपए की इनामी राशि जीती।
भारत की महिला कबड्डी टीम ने एकतरफा फाइनल में मलेशिया को हराकर विश्व कप कबड्डी का खिताब जीत लिया। भारत की महिला टीम ने खिताबी मुकाबले में मलेशिया को 72-12 से रौंदा। मध्यांतर के समय भारतीय टीम 42 . 6 से आगे चल रही थी। भारतीय टीम की राइडर प्रियंका देवी, प्रियंका पिलानिया और सुखविंदर कौर ने क्रमश: 13, 8 और 8 अंक जुटाए। स्टापर जतिंदर कौर और अनु रानी ने क्रमश: 10 और 11 अंक हासिल किए। मलेशिया की ओर से मनप्रीत कौर ने चार जबकि रेखा ने दो अंक बनाए। पंजाब के मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने विजेता टीम को 51 लाख जबकि उपविजेता टीम को 31 लाख रुपए का चैक सौंपा। तीसरे स्थान पर रही डेनमार्क की महिला टीम को 21 लाख रुपए मिले।
