नवगछिया अनुमंडल के राजेन्द्र कोलोनी स्थित पुनामा प्रतापनगर मंदिर से माता दुर्गा के प्रतीक के रुप में ज्योति की विसर्जन यात्रा काफ़ी धूमधाम से निकाली गयी। जिसमें हजारों की संख्या में महिला, पुरुष और बच्चे भी शामिल देखे गये। बताते चलें कि इस मंदिर में वर्षों पुरानी चली आ रही परंपरा के अनुसार यहां प्रतिमा स्थापित नहीं की जाती है। यहां पहली पूजा के दिन ही पूरे विधि विधान से माता की ज्योति प्रज्वलित की जाती है। साथ ही कलश स्थापन भी किया जाता है। जिसकी पूरेनवरात्र तक शास्त्र के अनुसार पूजा की जाती है।

नवरात्र संपन होने के साथ ही बुधवार कॊ माता दुर्गा के प्रतीक के रुप में ज्योति का कोसी नदी में सम्मान पूर्वक विसर्जन किया गया। साथ ही कलश का भी विसर्जन कर दिया गया। इस मौके पर हजारों की संख्या में महिला, पुरुष और बच्चों को बढ चढ कर शामिल होते देखा गया। जहां पुरोहितों का एक दल आगे आगे कलश लेकर चल रहा था। जिसके पीछे पीछे पुरोहितों का दूसरा दल माता की ज्योति को पूरी सुरक्षा के साथ लेकर चल रहा था। जहां इस बात का भी ध्यान रखा जा रहा था कि रास्ते से ज्योति सही सलामत नदी तक पहुंच जाय। इसके लिये कपडे का पर्दा से लेकर छाता तक सभी संभव और पर्याप्त उपाय भी किये गये थे। जिसके नदी किनारे पहुंचने पर वहां मौजूद हजारों लोगों ने माता को ज्योति स्वरुप में विदा किया। जहां अधिकांश महिलाऒं की आंखें नम हो गयी।